सादलपुर में भगवा ध्वज के साये में हिंदू सम्मेलन का शंखनाद; भूमिपूजन के साथ हुआ ध्वजारोहण

11 जनवरी को सादलपुर एकेडमी में जुटेगा सकल हिंदू समाज, तैयारियों को लेकर कार्यकर्ताओं ने फूंकी जान
सादलपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के पावन अवसर पर सादलपुर मंडल में उत्साह और उमंग का वातावरण है। आगामी 11 जनवरी, रविवार को आयोजित होने वाले ‘भव्य हिंदू सम्मेलन’ की औपचारिक शुरुआत आज सादलपुर एकेडमी में गरिमामयी भूमिपूजन और ध्वजारोहण के साथ हुई।

पवित्र मंत्रोच्चार के बीच जैसे ही केसरिया ध्वज फहराया गया, पूरा परिसर ‘जय श्री राम’ और ‘हर-हर महादेव’ के उद्घोष से गुंजायमान हो उठा। यह ध्वज सम्मेलन की शुचिता और एकता का प्रतीक बनकर लहरा रहा है।
पाँच गांवों की एकजुटता का बनेगा गवाह
इस सम्मेलन में सादलपुर मंडल के पांच प्रमुख गांवों— सादलपुर, एकलदूना, हरसौरा, जुहावदा, संगेसरा और किलोली, से हजारों की संख्या में हिंदू बंधु और मातृशक्ति एकत्रित होंगे। भूमिपूजन कार्यक्रम में इन सभी गांवों के सक्रिय हिन्दू उत्सव समिति के ग्राम प्रभारियों सहित कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया, जो इस बात का प्रमाण है कि आयोजन को लेकर गांव-गांव में भारी उत्साह है।
बैठकों में बनी सफलता की रणनीति
ध्वजारोहण के पश्चात आयोजित विशेष बैठक में कार्य योजना पर विस्तृत चर्चा हुई। तय किया गया कि:
आमंत्रण: प्रत्येक गांव में पीले चावल के साथ घर-घर जाकर हिंदू परिवारों को निमंत्रित किया जाएगा।
अनुशासन: कार्यक्रम को सुव्यवस्थित बनाने के लिए अलग-अलग टोलियां (पार्किंग, भोजन, स्वागत) गठित की गई हैं।
समय: रविवार सुबह 10:00 बजे से कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत होगी।
सांस्कृतिक और आध्यात्मिक संगम
आयोजन समिति के अनुसार, सम्मेलन का मुख्य आकर्षण पूज्य संतों का आशीर्वचन होगा। कार्यक्रम की शुरुआत सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और भजनों से होगी, जिसके बाद मुख्य वक्ता का ओजस्वी मार्गदर्शन प्राप्त होगा। अंत में, ऊंच-नीच के भेदभाव को मिटाकर पूरा समाज एक साथ बैठकर ‘समरसता भोज’ ग्रहण करेगा।
भूमिपूजन और ध्वजारोहण के इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया कि वे इस सम्मेलन को सादलपुर मंडल का अब तक का सबसे ऐतिहासिक आयोजन बनाएंगे।


